- Advertisement -
Home News छात्रसंघ चुनावों के नजदीक आने के साथ ही गुटों में बढऩे लगी...

छात्रसंघ चुनावों के नजदीक आने के साथ ही गुटों में बढऩे लगी है तनातनी, सुनील बिश्नोई की गाड़ी पर फेंके पत्थर

- Advertisement -

जोधपुर. जयनारायण व्यास विश्वविद्यालय सहित अन्य महाविद्यालयों में छात्रसंघ चुनाव में करीब 10 दिन शेष हैं। विभिन्न छात्र संगठनों की ओर से प्रत्याशी घोषित किए जा रहे हैं वहीं छात्र गुटों के बीच तनातनी भी बढ़ रही है। शनिवार दोपहर रातानाडा स्थित भाटी चौराहा पर एबीवीपी के संयुक्त सचिव पद के प्रत्याशी सुनील विश्नोई की गाड़ी पर पत्थर फैंके गए।
जोधपुर छात्रसंघ चुनाव : एबीवीपी के प्रत्याशी की गाडि़यों पर हमला
इससे गाड़ी क्षतिग्रस्त होने के साथ एक छात्र को चोट भी आई। पुलिस पहुंचने से पहले ही दूसरे गुट के छात्र भाग गए। रातानाडा पुलिस गाड़ी को जब्त कर थाने ले आई। इससे पहले गुरुवार को एबीवीपी अध्यक्ष पद के प्रत्याशी त्रिवेंद्रपाल सिंह के तीन-चार वाहनों के पावटा बी रोड पर कांच फोड़े गए।
निवर्तमान अध्यक्ष ने की छात्रसंघ चुनाव में शहर व विवि को स्वच्छ बनाये रखने की अपील
राजपुरोहित उपाध्यक्ष पद के प्रत्याशीएबीवीपी ने शनिवार को ओम सिंह राजपुरोहित हो जेएनवीयू छात्रसंघ चुनाव के लिए वरिष्ठ उपाध्यक्ष पद का प्रत्याशी घोषित किया। एबीवीपी की ओर से अध्यक्ष और संयुक्त सचिव पद के लिए प्रत्याशी पहले ही घोषित किए जा चुके हैं। महासचिव पद के लिए प्रत्याशी की घोषणा एक-दो दिन में की जाएगी। स्टूडेंट फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआइ) ने शनिवार को चौपासनी हाउसिंग बोर्ड स्थित राजकीय महाविद्यालय में छात्र संघ चुनाव के लिए अध्यक्ष पद पर कोमल सांखला और उपाध्यक्ष पद पर अशोक मेघवाल को प्रत्याशी बनाया है।
एनएसयूआई ने घोषित किया अध्यक्ष पद का प्रत्याशी
एसएफआई ने शनिवार रात को जेएनवीयू छात्रसंघ चुनाव में वरिष्ठ उपाध्यक्ष पद पर प्रत्याशी घोषित किया। विवि कमेटी अध्यक्ष रुखमण साहेलिया ने बताया कि कैलाश बामणिया संगठन की ओर से उम्मीदवार होंगे। इससे पहले एसएफआई अध्यक्ष पद के लिए अजयसिंह टाक को प्रत्याशी घोषित कर चुकी है। महासचिव पद की घोषणा जल्द की जाएगी।

Advertisement




Advertisement




- Advertisement -
- Advertisement -

Stay Connected

16,985FansLike
2,458FollowersFollow
61,453SubscribersSubscribe

Must Read

डॉ. कफील बोले- अभी राजनीति में उतरने का समय नहीं

डॉक्टर कफील खान की मथुरा जेल से रिहाई के 20 दिनों बाद सोमवार को दिल्ली में उनकी कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी से मुलाकात हुई. डॉक्टर...
- Advertisement -

बैग में रखे 3.50 लाख रुपये में से पांच मिनट में कम हो गए 2 लाख रुपये

सीकर/ खाचरियावास. राजस्थान के सीकर जिले के दांतारामगढ़ कस्बे के कुली गांव में सोमवार को एक बैग में भरकर रखे गए 3 लाख...

क्या है जनता के इस गुस्से के मायने?

हाल के दिनों में नीतीश सरकार के कई मंत्रियों और विधायकों ने मारपीट का आरोप लगाया है. एनडीएए (NDA) के ये विधायक और मंत्री...

क्या डिजिटल मीडिया कि आलोचनाओं से घबरा गई सरकार?

क्या सरकार सोशल मीडिया पर होने वाली अपनी आलोचनाओं से बौखलाई हुई है और उनका मुंह बंद करना चाहती है? क्या सरकार चाहती है कि...

Related News

डॉ. कफील बोले- अभी राजनीति में उतरने का समय नहीं

डॉक्टर कफील खान की मथुरा जेल से रिहाई के 20 दिनों बाद सोमवार को दिल्ली में उनकी कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी से मुलाकात हुई. डॉक्टर...

बैग में रखे 3.50 लाख रुपये में से पांच मिनट में कम हो गए 2 लाख रुपये

सीकर/ खाचरियावास. राजस्थान के सीकर जिले के दांतारामगढ़ कस्बे के कुली गांव में सोमवार को एक बैग में भरकर रखे गए 3 लाख...

क्या है जनता के इस गुस्से के मायने?

हाल के दिनों में नीतीश सरकार के कई मंत्रियों और विधायकों ने मारपीट का आरोप लगाया है. एनडीएए (NDA) के ये विधायक और मंत्री...

क्या डिजिटल मीडिया कि आलोचनाओं से घबरा गई सरकार?

क्या सरकार सोशल मीडिया पर होने वाली अपनी आलोचनाओं से बौखलाई हुई है और उनका मुंह बंद करना चाहती है? क्या सरकार चाहती है कि...

कांग्रेस के वाइल्ड कार्ड ने बदली मुुकाबले की तस्वीर, बीजेपी को भीतरघात का खतरा

मध्यप्रदेश की राजनीति में मार्च में उठे ज़लज़ले ने पूरा का पूरा फ्रेम ही उल्टा कर दिया है. कार्यकर्ताओं के हुजूमों के हाथों से...
- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here