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General Science Questions: क्या आप भी जानते हैं विज्ञान से जुड़े इन सवालों के जवाब

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General Science Questions: रोजमर्रा के जीवन में हमारे साथ कई वैज्ञानिक घटनाएं घटती हैं, जिन्हें हम नजरअंदाज कर देते हैं या फिर हमें उनका पता ही नहीं चलता। हम ऐसी ही कुछ चीजों के पीछे छिपे विज्ञान के बारे में यहां जानेंगे।
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प्रश्न (1) – अगली बार जब आप जलती हुई मोमबत्ती या तीली को लेकर चलें तो गौर करें कि लौ शुरू में पीछे को लपकती है। यदि आप उसे किसी डिब्बे में रखकर या हाथ से उसकी रक्षा करते हुए ले जाते हैं, तो लौ किस दिशा में झुकेगी?अपेक्षा के विपरीत सुरक्षित लौ आगे को भागेगी, पीछे नहीं। लौ गर्म होने के कारण अपने आस-पास की हवा के मुकाबले हल्की होती है। न्यूटन के गति के दूसरे नियम के अनुसार किसी पिंड पर बल लगने के उसका वेग बढ़ता है। पिंड का भार जितना ही कम होता है उसकी गति उतनी ही तेज होती है। अपने आसपास की हवा के मुकाबले हल्की होने के कारण लौ आगे की ओर लपकती है।
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प्रश्न (2) – जब हम कुछ पीते हैं, तब हम द्रव से भरा गिलास या प्याला अपने होठों के पास लाते हैं और द्रव को चूसते हैं। किस वजह से द्रव तेजी से हमारे मुंह में जाता है? किसी भी पेय की बोतल के मुंह को पूरी तरह अपने होठों से ढकें। अब बोतल को मुंह पर उलटे बगैर द्रव को अपने मुंह के अंदर खींचने की कोशिश करें। क्या होता है?जब हम कुछ पीते हैं तो उससे पहले हम फेफड़ों की मदद से अपनी छाती को फुलाते हैं। इससे मुंह के अंदर की हवा कम हो जाती है और उसका दाब कम हो जाता है। बाहर के वायुमंडलीय दबाव के कारण ही पेय अब मुंह के कम दबाव के क्षेत्र में चढ़ता है। अगर आप किसी बोतल के मुंह को पूरी तरह अपने होठों से बंद कर दें तो बोतल और मुंह के अंदर समान दबाव के कारण आप बोतल के अंदर के पेय को पी ही नहीं सकते। ऐसे में आपको बोतल को उल्टा करके उसके पेय को मुंह में उड़ेलना होगा। इस तरह गुरुत्व के प्रभाव के कारण पेय बहकर आपके मुंह में जाएगा।
प्रश्न (3) – आग बुझाने के लिए हमें हमेशा पानी की याद आती है। भीषण आग को बुझाने के लिए भी फायर-ब्रिगेड पानी का ही इस्तेमाल करती है। गृहिणी भी खाना पकाने के बाद मिट्टी के तेल वाले स्टोव को पानी का छींटा मारकर बुझाती है। किस कारण पानी आग को बुझाने में इतना प्रभावशाली है?दो चीजों की वजह से पानी आग बुझाने का एक अच्छा साधन है। पहले तो पानी जलती वस्तु की बहुत-सी गर्मी सोख लेता है (हम कहते हैं कि पानी की विशिष्ट ऊष्मा अधिक है) जिससे वह जल्दी ठंडी हो जाती है। दूसरा कारण है कि जलती वस्तु के संपर्क में आते ही पानी भाप में बदल जाता है और उसका आयतन बढ़ जाता है। यह भाप जलती वस्तु को घेर लेती है और उस तक ऑक्सीजन की पहुंच को रोक देती है। आप जानते ही हैं कि ऑक्सीजन के बिना कोई चीज जल ही नहीं सकती। यही कारण हैं कि पानी आग को बुझाने में काफी प्रभावशाली होता है।

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